नई दिल्ली के हौज खास स्थित नेशनल काउंसिल फॉर कोऑपरेटिव ट्रेनिंग (NCCT) के कॉन्फ्रेंस हॉल में “सेवा संकल्प प्रस्ताव” पर एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता मीनू शुक्ला पाठक (आईआरएस), सचिव ने की।
यह संकल्प प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ‘सेवा तीर्थ’ में आयोजित ऐतिहासिक केंद्रीय मंत्रिमंडल बैठक से प्रेरित बताया गया। बैठक के दौरान मंत्रालय ने सहकारिता आधारित समावेशी विकास, पारदर्शी एवं जवाबदेह शासन और जमीनी संस्थाओं को सशक्त बनाने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
अधिकारियों और कर्मचारियों को संबोधित करते हुए मीनू शुक्ला पाठक ने कहा कि शासन केवल नियमित प्रशासन तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि इसे सहानुभूति, दक्षता और जवाबदेही पर आधारित सार्थक जनसेवा का माध्यम बनना चाहिए। उन्होंने समावेशी और सहभागी विकास को आगे बढ़ाने में सहकारी संस्थाओं की महत्वपूर्ण भूमिका पर विशेष बल दिया।
बैठक में एनसीसीटी ने अपनी नीतियों, प्रशिक्षण कार्यक्रमों और संस्थागत सुधारों को ‘सेवा, संकल्प और समृद्धि’ की राष्ट्रीय दृष्टि के अनुरूप ढालने का संकल्प दोहराया। यह पहल नागरिक-केंद्रित सुशासन को मजबूत करने और विकसित भारत के लक्ष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।


