Trending News

NTA ने UGC NET विवाद पर 50 से अधिक कर्मचारी हटाए, 3 हफ्ते बाद री-एग्जाम भारत-थाईलैंड की संयुक्त सैन्य अभ्यास आज से होगा शुरू, 31 अगस्त तक चलेगा EPFO आज लाइव पेंशन सेशन आयोजित करेगा भारत आज नई दिल्ली में 12वीं ब्रिक्स (BRICS) पर्यावरण मंत्रियों की बैठक की मेजबानी करेगा पुडुचेरी में 18 से 30 अगस्त तक ‘हेरिटेज ऑफ एजुकेशन’ थीम पर हेरिटेज फेस्टिवल का आयोजन किया जा रहा है सरकारी नौकरियों की भर्ती प्रक्रिया को अब वार्षिक कैलेंडर के तहत किया जाएगा समयबद्ध, योगी सरकार का फैसला NTA ने UGC NET विवाद पर 50 से अधिक कर्मचारी हटाए, 3 हफ्ते बाद री-एग्जाम भारत-थाईलैंड की संयुक्त सैन्य अभ्यास आज से होगा शुरू, 31 अगस्त तक चलेगा EPFO आज लाइव पेंशन सेशन आयोजित करेगा भारत आज नई दिल्ली में 12वीं ब्रिक्स (BRICS) पर्यावरण मंत्रियों की बैठक की मेजबानी करेगा पुडुचेरी में 18 से 30 अगस्त तक ‘हेरिटेज ऑफ एजुकेशन’ थीम पर हेरिटेज फेस्टिवल का आयोजन किया जा रहा है सरकारी नौकरियों की भर्ती प्रक्रिया को अब वार्षिक कैलेंडर के तहत किया जाएगा समयबद्ध, योगी सरकार का फैसला

मखाना से बदलेगा किसानों का भाग्य, बिहार के विकास को मिली नई रफ्तार : प्रधानमंत्री मोदी

कुछ महीने पहले भारत सरकार ने मखाना बोर्ड के गठन का निर्णय लिया था। इससे बिहार, खासकर मिथिला क्षेत्र के हजारों मखाना किसानों को लाभ मिलेगा और मखाना के व्यापार को नया विस्तार मिलेगा।

Published: 17:53pm, 24 Apr 2025

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज राष्ट्रीय पंचायती राज दिवस के अवसर पर बिहार के मधुबनी में 13,480 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली विभिन्न विकास परियोजनाओं का उद्घाटन, शिलान्यास और राष्ट्र को समर्पण किया।

अपने संबोधन में प्रधानमंत्री मोदी ने बिहार के प्रसिद्ध मखाना पर विशेष ज़ोर देते हुए कहा कि मखाना आज न केवल भारत, बल्कि पूरी दुनिया के लिए एक सुपरफूड बन चुका है। लेकिन मिथिला के लिए यह सिर्फ एक उत्पाद नहीं, बल्कि संस्कृति का हिस्सा है।

प्रधानमंत्री ने यह भी बताया कि मखाने को GI टैग दिया गया है, जिससे यह प्रमाणित होता है कि मखाना बिहार की धरती का विशिष्ट उत्पाद है। उन्होंने दरभंगा में स्थापित मखाना रिसर्च सेंटर का उल्लेख करते हुए बताया कि इसे राष्ट्रीय स्तर का दर्जा दिया गया है, जिससे किसानों की किस्मत बदलने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है।

कुछ महीने पहले भारत सरकार ने मखाना बोर्ड के गठन का निर्णय लिया था। इससे बिहार, खासकर मिथिला क्षेत्र के हजारों मखाना किसानों को लाभ मिलेगा और मखाना के व्यापार को नया विस्तार मिलेगा।

YuvaSahakar Desk