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डार्क पैटर्न पर CCPA की सख्ती, सभी ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म को 3 महीने में स्व-ऑडिट कर देने के निर्देश

केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (सीसीपीए) ने ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्मों को डार्क पैटर्न जैसे भ्रामक डिज़ाइन प्रथाओं को समाप्त करने के लिए स्व-ऑडिट करने और स्व-घोषणा करने का निर्देश दिया है। इसके अलावा, उल्लंघनकर्ताओं को नोटिस जारी किए गए हैं और एक संयुक्त कार्य समूह (जेडब्ल्यूजी) का गठन किया गया है, जो डार्क पैटर्न की जाँच और उपभोक्ता जागरूकता बढ़ाने का कार्य करेगा।

Published: 12:24pm, 09 Jun 2025

केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (सीसीपीए) ने सभी ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स को अपने डिजिटल इंटरफेस से ‘डार्क पैटर्न’ को समाप्त करने के लिए आवश्यक कदम उठाने की सख्त सलाह दी है। यह निर्देश उपभोक्ता संरक्षण को ध्यान में रखते हुए जारी किया गया है, ताकि उपभोक्ताओं को किसी भी प्रकार के भ्रामक और अनुचित डिजिटल अनुभव से बचाया जा सके।

सीसीपीए ने परामर्श में स्पष्ट किया है कि सभी ई-कॉमर्स कंपनियां आगामी तीन महीनों के भीतर एक व्यापक स्व-ऑडिट (Self-Audit) करें, जिससे यह सुनिश्चित हो सके कि उनके प्लेटफॉर्म पर कोई भी डार्क पैटर्न मौजूद नहीं है। इस ऑडिट के पश्चात, प्लेटफॉर्म को यह घोषणा करनी होगी कि वे किसी भी प्रकार के डार्क पैटर्न में संलग्न नहीं हैं। यह स्व-घोषणा (Self-Declaration) उपभोक्ताओं के विश्वास को बढ़ाने में सहायक होगी और पारदर्शी तथा निष्पक्ष डिजिटल पारिस्थितिकी तंत्र की स्थापना में मदद करेगी।

सीसीपीए द्वारा कुछ मामलों में डार्क पैटर्न के उपयोग की पुष्टि होने पर नोटिस भी जारी किए गए हैं। ऐसे में यह स्पष्ट किया गया है कि उपभोक्ताओं को गुमराह करने वाले डिज़ाइन इंटरफेस और मैनिपुलेटिव डिजिटल व्यवहार की अनुमति नहीं दी जाएगी।

डार्क पैटर्न को लेकर निगरानी और कार्रवाई की प्रक्रिया को मजबूत करने हेतु भारत सरकार के उपभोक्ता मामलों के विभाग ने एक संयुक्त कार्य समूह (Joint Working Group – JWG) का गठन किया है। इसमें विभिन्न मंत्रालयों, नियामक संस्थाओं, उपभोक्ता संगठनों तथा राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालयों के प्रतिनिधियों को शामिल किया गया है। यह समूह न केवल प्लेटफॉर्मों की जांच करेगा, बल्कि समय-समय पर उपभोक्ता मामलों के विभाग को रिपोर्ट भी प्रस्तुत करेगा।

इसके अतिरिक्त, JWG उपभोक्ताओं के बीच जागरूकता फैलाने हेतु विशेष जागरूकता अभियान चलाने की सिफारिश भी करेगा, जिससे आम नागरिक इन डिजिटल धोखाधड़ी के तरीकों को समझ सके और सजग बन सके।

YuvaSahakar Desk