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बिहार: चना, मसूर और सरसों की MSP तय, PACS के माध्यम से होगी तिलहन और दलहन की सीधी खरीद

बिहार सरकार ने चना, मसूर और सरसों की फसलों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) तय करते हुए किसानों को बड़ी राहत दी है। अब PACS और व्यापार मंडलों के माध्यम से दलहन-तिलहन की सीधी खरीद होगी, जिससे किसानों को उचित मूल्य और पारदर्शी व्यवस्था का लाभ मिलेगा।

Published: 11:00am, 19 Jun 2025

बिहार सरकार ने किसानों के कल्याण और राज्य के कृषि क्षेत्र को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में मंगलवार, 17 जून 2025 को आयोजित कैबिनेट बैठक में कई जनहितकारी निर्णय लिए गए। इनमें सबसे अहम रहा रबी विपणन वर्ष 2025-26 के लिए चना, मसूर, और सरसों जैसी दलहन और तिलहन फसलों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) निर्धारित करना। इस फैसले से बिहार के लाखों किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य प्राप्त होगा, जिससे उनकी आय में वृद्धि होगी और कृषि क्षेत्र को नया बल मिलेगा।

कैबिनेट ने चना का MSP 5,650 रुपये प्रति क्विंटल, मसूर का 6,700 रुपये प्रति क्विंटल, और सरसों का 5,950 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया है। यह निर्णय सुनिश्चित करता है कि किसानों को उनकी फसलों का लाभकारी मूल्य मिले और बाजार में मूल्य में उतार-चढ़ाव के कारण होने वाले नुकसान से उनकी रक्षा हो। इस कदम से न केवल किसानों की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी, बल्कि बिहार में दलहन और तिलहन की खेती को भी प्रोत्साहन मिलेगा, जिससे राज्य की आत्मनिर्भरता की दिशा में प्रगति होगी।

खरीद प्रक्रिया को पारदर्शी और सुगम बनाने के लिए सरकार ने प्राथमिक कृषि सहकारी समितियों (PACS) और व्यापार मंडलों के माध्यम से सीधे खरीद की व्यवस्था लागू की है। इससे किसानों को अपनी उपज बेचने के लिए बिचौलियों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा और न ही उन्हें लंबा इंतजार करना होगा। खरीद प्रक्रिया को और प्रभावी बनाने के लिए बिहार राज्य खाद्य एवं असैनिक आपूर्ति निगम को नोडल एजेंसी नियुक्त किया गया है। साथ ही, राष्ट्रीय कृषि सहकारी विपणन संघ (NAFED) और राष्ट्रीय सहकारी उपभोक्ता महासंघ (NCCF) जैसी केंद्रीय एजेंसियों को भी खरीद प्रक्रिया में शामिल किया गया है। यह सुनिश्चित किया जाएगा कि खरीद समयबद्ध, पारदर्शी और किसान हित में हो।

इसके अतिरिक्त, कैबिनेट ने राज्य में छह नए छोटे हवाई अड्डों के निर्माण और पटना में पांच सितारा होटल की स्थापना जैसे अन्य विकास परियोजनाओं को भी मंजूरी दी है। ये निर्णय बिहार के समग्र विकास और आर्थिक प्रगति की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं।

YuvaSahakar Desk