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कुंभी में ग्रीन प्लास्टिक उत्पादन की बड़ी पहल

लखीमपुर के कुंभी में करीब 3,080 करोड़ रुपये की लागत से देश का प्रमुख बायोप्लास्टिक प्लांट स्थापित किया जा रहा है, करीब 135 एकड़ क्षेत्र में बन रहे इस प्लांट से स्थानीय औद्योगिक गतिविधियों को गति मिलने के साथ रोजगार के नए अवसर पैदा होने की उम्मीद है

Published: 11:20am, 28 Oct 2026

लखीमपुर के कुंभी में करीब 3,080 करोड़ रुपये की लागत से देश का प्रमुख बायोप्लास्टिक प्लांट स्थापित किया जा रहा है। करीब 135 एकड़ क्षेत्र में बन रहे इस प्लांट से स्थानीय औद्योगिक गतिविधियों को गति मिलने के साथ रोजगार के नए अवसर पैदा होने की उम्मीद है। प्लांट के आसपास परिवहन, माल ढुलाई, निर्माण, रखरखाव और सेवा क्षेत्र से जुड़े कारोबार को भी फायदा मिल सकता है।

कुंभी चीनी मिल परिसर में स्थापित हो रहा यह प्लांट गन्ने, चीनी, शीरे और खोई जैसे कृषि आधारित कच्चे माल से पर्यावरण-अनुकूल प्लास्टिक के दाने तैयार करेगा। गन्ने में मौजूद शर्करा के किण्वन से पहले लैक्टिक एसिड बनाया जाएगा। इसके बाद इसे लैक्टाइड और फिर पॉलीलैक्टिक एसिड यानी PLA में बदला जाएगा। इस प्रक्रिया में बेल्जियम से लाए गए विशेष साइकिलाइजेशन रिएक्टर का इस्तेमाल किया जाएगा।

प्लांट में तैयार PLA से प्लेट, कप, गिलास, चम्मच, कांटे, कैरी बैग और बोतल जैसे उत्पाद बनाए जा सकेंगे। अनुकूल परिस्थितियों में इन उत्पादों के तीन से छह महीने में मिट्टी में गलने की क्षमता बताई गई है।

प्लांट के साथ करीब 200 एकड़ में औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने का प्रस्ताव भी है। यूपीसीडा अब तक 250 से अधिक किसानों से करीब 130 एकड़ भूमि के लगभग 100 बैनामे करा चुका है। अधिकारियों के मुताबिक शेष भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया भी आगे बढ़ रही है। रोजगार के इच्छुक उम्मीदवार बलरामपुर चीनी मिल्स के करियर पेज के माध्यम से रिक्तियों के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।

 

Jitendra