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महिला किसानों की मेहनत लाई रंग, अब खुद चला रही हैं करोड़ों की कंपनी

यह एफपीओ पूरी तरह महिला किसानों द्वारा चलाया जा रहा है, इसमें 4500 से अधिक महिला शेयर होल्डर हैं। अब तक इस कंपनी ने 1 करोड़ 75 लाख रुपये का बीज बेच भी दिया है।

Published: 16:21pm, 14 Jul 2025

हजारीबाग की महिलाएं अब खेती में कमाल कर रही हैं। यहां की चुरचू नारी ऊर्जा फार्मर प्रोड्यूसर कंपनी (एफपीओ) इस बार के मानसून में अपने किसान सदस्यों को 3 करोड़ 50 लाख रुपये का धान का बीज कंपनी मूल्य पर उपलब्ध करा रही है। इस फैसले से महिला किसान न सिर्फ अच्छी फसल उगाएंगी, बल्कि आर्थिक रूप से भी मजबूत बनेंगी।

यह एफपीओ पूरी तरह महिला किसानों द्वारा चलाया जा रहा है। इसमें 4500 से अधिक महिला शेयर होल्डर हैं। अब तक इस कंपनी ने 1 करोड़ 75 लाख रुपये का बीज बेच भी दिया है। बाकी बीज मानसून के दौरान बेचने का लक्ष्य रखा गया है।

एफपीओ के निदेशकों का मानना है कि बाज़ार में महिलाओं को महंगा और सामान्य क्वालिटी का बीज मिलता था। जिससे पैदावार पर असर पड़ता था और मेहनत के बाद भी उन्हें अच्छा मुनाफा नहीं हो पाता था। इसी वजह से बोर्ड ने तय किया कि कंपनी खुद उन्नत क्वालिटी का बीज खरीदेगी और उसे किसान सदस्यों को सीधे देगी। इससे महिलाओं को अच्छा उत्पादन और लाभ दोनों मिलेगा।

यह कंपनी सिर्फ धान की खेती ही नहीं बल्कि पशुपालन, मत्स्य पालन और अन्य कृषि कार्यों में भी सक्रिय है। पिछले साल कंपनी ने करीब 13 करोड़ रुपये का व्यापार किया था। जो महिलाएं कभी घर की चार दीवारी तक सीमित थीं, वे आज करोड़ों की कंपनी संभाल रही हैं।

महिला किसानों का कहना है कि इस बार धान की बंपर फसल होगी क्योंकि उन्हें समय पर और बेहतर बीज मिल गया है। उनके मुताबिक, यह कदम उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक बड़ा प्रयास है। एफपीओ का मकसद है कि महिला किसान लखपति बनें और अपनी पहचान खुद बनाएं।

चुरचू नारी ऊर्जा एफपीओ आज झारखंड ही नहीं, बल्कि पूरे देश के लिए एक मिसाल बन गया है। यहां की महिलाएं समाज में बदलाव की नई कहानी लिख रही हैं। उनकी मेहनत, लगन और सामूहिक शक्ति ने साबित कर दिया है कि जब महिलाओं को सही मौका मिलता है, तो वे कमाल कर सकती हैं।

YuvaSahakar Desk