भारत के सेवा क्षेत्र ने जून 2026 में मजबूत प्रदर्शन किया है। सांख्यिकी एवं कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय (MoSPI) की ओर से जारी सर्विसेज प्रोडक्शन इंडेक्स यानी ISP के ट्रायल आंकड़ों के अनुसार 19 में से 18 सेवा उप-क्षेत्रों ने जून 2025 की तुलना में सकारात्मक वृद्धि दर्ज की। इनमें से आठ सेक्टरों की वृद्धि दर दो अंकों में रही।
सबसे तेज वृद्धि रियल एस्टेट क्षेत्र में दर्ज की गई। जून 2026 में रियल एस्टेट का ISP 119 रहा और इसमें सालाना आधार पर 24.7 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई। इसके बाद रिटेल ट्रेड में 18 प्रतिशत और होलसेल ट्रेड में 15.1 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई।
प्रशासनिक एवं सहायता सेवाओं में 14.4 प्रतिशत की वृद्धि हुई, जबकि IT और कंप्यूटर संबंधित सेवाओं में 13.5 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई। वेयरहाउसिंग और परिवहन से जुड़ी सहायक गतिविधियों में 11.8 प्रतिशत और बैंकिंग क्षेत्र में 11.4 प्रतिशत की वृद्धि रही।
होटल और खानपान यानी Accommodation and Food Services में भी मजबूत मांग दिखाई दी। इस क्षेत्र में जून 2026 में 10.2 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। वहीं रोड ट्रांसपोर्ट 9.7 प्रतिशत, बीमा 9.6 प्रतिशत और दूरसंचार क्षेत्र 9.5 प्रतिशत बढ़ा। प्रोफेशनल, वैज्ञानिक और तकनीकी सेवाओं सहित अनुसंधान एवं विकास क्षेत्र में 9.1 प्रतिशत की बढ़त रही।
रिपेयर सर्विसेज में 7.5 प्रतिशत, जल परिवहन में 6.9 प्रतिशत और कला, मनोरंजन एवं मनोरंजन सेवाओं में 6.1 प्रतिशत वृद्धि दर्ज की गई। पोस्टल और कूरियर सेवाओं में 5 प्रतिशत, सूचना एवं प्रसारण क्षेत्र में 4.6 प्रतिशत तथा रेलवे ट्रांसपोर्ट में 3.3 प्रतिशत की वृद्धि रही।
19 उप-क्षेत्रों में केवल एयर ट्रांसपोर्ट में गिरावट दर्ज की गई। जून 2026 में इसका ISP 91.2 रहा और इसमें सालाना आधार पर 6 प्रतिशत की कमी आई।
MoSPI ने ये सूचकांक 2024-25 को आधार वर्ष मानकर जारी किए हैं। मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल मासिक ISP आंकड़े प्रयोगात्मक आधार पर प्रकाशित किए जा रहे हैं, ताकि डेटा की गुणवत्ता और विश्वसनीयता का परीक्षण किया जा सके।


