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झींगा किसानों को बीमा सुरक्षा से जोड़ने की NFDB की पहल

नेशनल फिशरीज डेवलपमेंट बोर्ड (NFDB) ने मछली और झींगा पालकों के बीच एक्वाकल्चर इंश्योरेंस को बढ़ावा देने के लिए पश्चिम बंगाल के कल्याणी में एक दिवसीय जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया

Published: 09:00am, 30 Oct 2026

नेशनल फिशरीज डेवलपमेंट बोर्ड (NFDB) ने मछली और झींगा पालकों के बीच एक्वाकल्चर इंश्योरेंस को बढ़ावा देने के लिए पश्चिम बंगाल के कल्याणी में एक दिवसीय जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। कार्यक्रम का आयोजन नदिया जिले में स्थित Netaji Subhas Regional Institute of Cooperative Management के सहयोग से किया गया, जिसमें CAA-पंजीकृत झींगा किसानों ने भाग लिया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य किसानों को प्रधानमंत्री मत्स्य किसान समृद्धि सह-योजना (PM-MKSSY) के तहत उपलब्ध एक्वाकल्चर बीमा की सुविधाओं, पात्रता और आवेदन प्रक्रिया की जानकारी देना था।

NFDB के सीनियर इंश्योरेंस एक्सपर्ट अमर कुमार नायक ने किसानों को बताया कि बीमा कवरेज प्राकृतिक या अन्य अप्रत्याशित जोखिमों से होने वाले आर्थिक नुकसान को कम करने में मदद कर सकता है। उन्होंने पात्र किसानों से योजना के तहत उपलब्ध बीमा सुरक्षा का लाभ लेने और One-Time Incentive (OTI) सुविधा के बारे में जानकारी हासिल करने का आग्रह किया।

कार्यक्रम में किसानों के लिए एक इंटरैक्टिव सत्र भी आयोजित किया गया। इसमें प्रतिभागियों ने बीमा पात्रता, क्लेम प्रक्रिया, आवेदन से जुड़े प्रावधान और OTI लाभों को लेकर सवाल पूछे।

ऐसे जागरूकता कार्यक्रमों का उद्देश्य मत्स्य और झींगा पालन से जुड़े किसानों को जोखिम प्रबंधन के बेहतर विकल्प उपलब्ध कराना है। बीमा कवरेज से किसानों की वित्तीय सुरक्षा मजबूत हो सकती है और उत्पादन से जुड़े जोखिमों के प्रभाव को कम करने में सहायता मिल सकती है। NFDB की यह पहल मत्स्य क्षेत्र में बीमा की पहुंच बढ़ाने और किसानों को उपलब्ध सरकारी सहायता योजनाओं से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण प्रयास है।

Jitendra