अंतरराष्ट्रीय शैक्षणिक सहयोग को मजबूत करने और स्वास्थ्य क्षेत्र में नवाचार को बढ़ावा देने की दिशा में भारतीय प्रबंधन संस्थान (IIM) जम्मू ने अमेरिका की यूनिवर्सिटी ऑफ अलबामा एट बर्मिंघम (UAB) के साथ समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं। यह समझौता IIM जम्मू परिसर में आयोजित ग्लोबल सीईओ कॉन्क्लेव के दौरान हुआ।
संस्थान के अनुसार, इस साझेदारी का उद्देश्य हेल्थकेयर मैनेजमेंट, अस्पताल प्रशासन, नेतृत्व विकास, शोध, नवाचार और अकादमिक आदान-प्रदान के क्षेत्रों में सहयोग को आगे बढ़ाना है। इससे दोनों संस्थानों के संकाय सदस्यों, शोधकर्ताओं और विद्यार्थियों के लिए संयुक्त परियोजनाओं तथा ज्ञान-साझाकरण के नए अवसर खुलने की उम्मीद है।
दो दिवसीय ग्लोबल सीईओ कॉन्क्लेव का आयोजन कंसोर्टियम ऑफ एक्रेडिटेड हेल्थकेयर ऑर्गनाइजेशंस (CAHO) के सहयोग से किया गया। इसमें देश-विदेश के स्वास्थ्य क्षेत्र के वरिष्ठ नेता, अस्पताल प्रशासक, डॉक्टर, उद्योग विशेषज्ञ और प्रबंधन पेशेवर शामिल हुए।
कॉन्क्लेव में स्वास्थ्य क्षेत्र में तेजी से बदलती जरूरतों पर विशेष चर्चा हुई। इसमें अस्पताल प्रबंधन के रणनीतिक पहलुओं, नई तकनीकों के उपयोग, वित्तीय स्थिरता, मानव संसाधन प्रबंधन और नेतृत्व क्षमता के विकास जैसे विषय प्रमुख रहे।
प्रतिभागियों ने इस बात पर जोर दिया कि आधुनिक स्वास्थ्य सेवाओं को प्रभावी बनाने के लिए केवल चिकित्सा विशेषज्ञता पर्याप्त नहीं है, बल्कि मजबूत प्रबंधन, डिजिटल तकनीक, डेटा आधारित निर्णय और बेहतर संस्थागत नेतृत्व भी जरूरी हैं।
IIM जम्मू और UAB के बीच हुआ यह समझौता भारत और अमेरिका के बीच स्वास्थ्य शिक्षा तथा प्रबंधन के क्षेत्र में सहयोग को नई दिशा दे सकता है। साथ ही, यह साझेदारी भविष्य में हेल्थकेयर इनोवेशन, संयुक्त शोध और वैश्विक स्तर के नेतृत्व विकास कार्यक्रमों के लिए भी आधार तैयार कर सकती है।


