पश्चिम बंगाल सरकार ने उच्च शिक्षा हासिल कर रही अविवाहित छात्राओं के लिए ‘भगिनी निवेदिता योजना’ को मंजूरी दी है। योजना के तहत पात्र छात्राओं को तीन वर्षों में कुल 50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। राज्य सरकार के अनुसार, योजना जनवरी 2027 से लागू होगी।
योजना के तहत डिग्री के पहले और दूसरे वर्ष में छात्राओं को 17-17 हजार रुपये दिए जाएंगे, जबकि तीसरे वर्ष में 16 हजार रुपये की सहायता मिलेगी। इस तरह तीन वर्षों में कुल सहायता 50 हजार रुपये होगी। इसका उद्देश्य उच्च शिक्षा में आर्थिक बाधाओं को कम करना और छात्राओं को पढ़ाई जारी रखने में मदद देना है।
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने कैबिनेट बैठक के बाद 14,454 सरकारी पदों पर भर्ती की भी घोषणा की। इन पदों को छह से आठ महीने के भीतर भरने की योजना है। भर्ती प्रक्रिया राज्य लोक सेवा आयोग और राज्य पुलिस भर्ती बोर्ड के माध्यम से पूरी की जाएगी। रिक्तियां वन, अग्निशमन, जेल, गृह और हिल अफेयर्स सहित विभिन्न विभागों में होंगी।
सरकार ने कर्मबंधुओं का मासिक मानदेय 5 हजार रुपये से बढ़ाकर 8 हजार रुपये कर दिया है। इसके अलावा सरकारी छात्रावासों में रहने वाले अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के विद्यार्थियों के भोजन भत्ते को 1,800 रुपये से बढ़ाकर 3,300 रुपये प्रति माह किया गया है। भगिनी निवेदिता योजना के आवेदन, पात्रता और दस्तावेजों से जुड़ी विस्तृत प्रक्रिया अभी जारी की जानी बाकी है।


