Trending News

आम आदमी पार्टी के संसदीय दल में बड़ी टूट, राघव चड्डा, संदीप पाठक और हरभजन सिंह सहित AAP के 7 राज्यसभा सांसद आए BJP के साथ पश्चिम बंगाल में रिकॉर्ड वोटिंग, पहले चरण में 152 सीटों के लिए हुआ 92.6 प्रतिशत मतदान तमिलनाडु में भी ऐतिहासिक मतदान, एक चरण में सभी सीटों पर हुए चुनाव के लिए 85 प्रतिशत हुई वोटिंग आज आएगा सीयूईटी पीजी का रिजल्ट, पीजी में एडमिशन के लिए लाखों छात्रों का इंतजार होगा खत्म आम आदमी पार्टी के संसदीय दल में बड़ी टूट, राघव चड्डा, संदीप पाठक और हरभजन सिंह सहित AAP के 7 राज्यसभा सांसद आए BJP के साथ पश्चिम बंगाल में रिकॉर्ड वोटिंग, पहले चरण में 152 सीटों के लिए हुआ 92.6 प्रतिशत मतदान तमिलनाडु में भी ऐतिहासिक मतदान, एक चरण में सभी सीटों पर हुए चुनाव के लिए 85 प्रतिशत हुई वोटिंग आज आएगा सीयूईटी पीजी का रिजल्ट, पीजी में एडमिशन के लिए लाखों छात्रों का इंतजार होगा खत्म

भारतीय डेयरी का वैश्विक शंखनाद: ब्राजील में अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में भारत ने जीते 4 मेडल

प्रधानमंत्री Narendra Modi ने इस उपलब्धि पर भारतीय चीज़ निर्माताओं को हार्दिक बधाई दी है। प्रधानमंत्री ने कहा कि यह सफलता भारत के आर्टिसनल डेयरी सेक्टर के बढ़ते वैश्विक प्रभाव का प्रमाण है। उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से भी इस उपलब्धि को साझा करते हुए इसे पूरे देश के लिए गर्व का क्षण बताया। प्रधानमंत्री के अनुसार, भारतीय उत्पाद अब केवल घरेलू बाजार तक सीमित नहीं हैं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भी अपनी विशिष्ट पहचान बना रहे हैं।

Published: 14:49pm, 24 Apr 2026

भारतीय डेयरी क्षेत्र (Dairy Sector) ने वैश्विक पटल पर एक बार फिर अपनी उत्कृष्टता सिद्ध की है। ब्राजील (Brazil) में आयोजित प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता ‘Mundial do Queijo do Brasil 2026’ में भारतीय हस्तनिर्मित (Artisanal) चीज़ उत्पादों ने न केवल अपनी उपस्थिति दर्ज कराई, बल्कि पहली ही बार में चार महत्वपूर्ण मेडल जीतकर दुनिया भर के विशेषज्ञों को आश्चर्यचकित कर दिया। यह उपलब्धि भारतीय डेयरी उद्योग के लिए एक ऐतिहासिक मील का पत्थर है, जो यह प्रमाणित करती है कि भारत अब दूध उत्पादन के साथ-साथ उच्च गुणवत्ता वाले प्रसंस्कृत उत्पादों में भी विश्व स्तरीय मानक स्थापित कर रहा है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने व्यक्त किया हर्ष

इस गौरवशाली सफलता पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारतीय चीज़ निर्माताओं और उद्यमियों को अपनी शुभकामनाएं प्रेषित की हैं। प्रधानमंत्री ने कहा कि यह जीत भारत के आर्टिसनल डेयरी सेक्टर के तेजी से बढ़ते वैश्विक प्रभाव को रेखांकित करती है। उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से साझा किया कि भारतीय उत्पाद अब सीमाओं को पार कर अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अपनी विशेष पहचान बना रहे हैं, जो ‘वोकल फॉर लोकल’ से ‘लोकल टू ग्लोबल’ की यात्रा का एक सशक्त उदाहरण है।

मेडल विजेताओं की सूची और विशिष्टता

इस प्रतियोगिता में भारत की ओर से प्रस्तुत चीज़ उत्पादों ने अपने विशिष्ट स्वाद, बनावट और नवाचार से जजों का ध्यान आकर्षित किया। पदक जीतने वाले प्रमुख उत्पाद निम्नलिखित हैं:

  1. सुपर गोल्ड (Super Gold): यह सम्मान ‘Eleftheria Gulmarg (Brie Style)’ को प्राप्त हुआ। यह भारत की सबसे बड़ी जीत मानी जा रही है, क्योंकि सुपर गोल्ड श्रेणी में केवल विश्व के सर्वश्रेष्ठ उत्पादों को ही स्थान मिलता है।

  2. गोल्ड मेडल (Gold): लेह-लद्दाख के नॉर्डिक फार्म द्वारा निर्मित ‘Yak Churpi-Soft’ ने स्वर्ण पदक जीतकर हिमालयी क्षेत्र के पारंपरिक ज्ञान को वैश्विक मान्यता दिलाई।

  3. गोल्ड मेडल (Gold): ‘Eleftheria Brunost (Whey Cheese)’ को उसके अनूठे स्वाद और बेहतरीन प्रसंस्करण के लिए स्वर्ण पदक से नवाजा गया।

  4. सिल्वर मेडल (Silver): ‘Eleftheria Kaali Miri (Belper Knolle Style)’ ने काली मिर्च के स्वदेशी ट्विस्ट के साथ रजत पदक अपने नाम किया।

ये पदक इस बात का जीवंत प्रमाण हैं कि भारत का पारंपरिक डेयरी ज्ञान और आधुनिक प्रसंस्करण तकनीक एक-दूसरे के पूरक बनकर उभर रहे हैं।

सफलता के पीछे का विजन और नेतृत्व

इस अंतरराष्ट्रीय सफलता का श्रेय मौसम नरंग (Mausam Narang) और थेनले नुरबू (Thenlay Nurboo) जैसे नवाचारी उद्यमियों को जाता है। इन विशेषज्ञों ने स्थानीय संसाधनों का प्रभावी उपयोग करते हुए वैश्विक मानकों के अनुरूप उत्पाद तैयार किए। लद्दाख की पारंपरिक ‘छुर्पी’ को अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए तैयार करना और ‘एलीफेंटेरिया’ जैसे ब्रांड के माध्यम से विश्व स्तरीय चीज़ बनाना, भारतीय आर्टिसनल सेक्टर की बढ़ती परिपक्वता को दर्शाता है।

आर्टिसनल डेयरी सेक्टर: संभावनाओं का नया क्षितिज

भारत में आर्टिसनल चीज़ का चलन तेजी से बढ़ रहा है। ये उत्पाद अपनी शुद्धता, हस्तनिर्मित प्रक्रिया और स्वास्थ्यवर्धक गुणों के कारण प्रीमियम बाजारों में लोकप्रिय हो रहे हैं। ब्राजील में मिली यह जीत न केवल इन ब्रांडों के लिए, बल्कि भारत के हजारों छोटे डेयरी उद्यमियों और पशुपालकों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी। यह उपलब्धि दर्शाती है कि यदि गुणवत्ता और नवाचार पर ध्यान केंद्रित किया जाए, तो भारतीय उत्पाद दुनिया के किसी भी कोने में प्रतिस्पर्धा कर सकते हैं।

वैश्विक बाजार और भविष्य की राह

विशेषज्ञों का मानना है कि इस जीत के बाद भारतीय डेयरी निर्यात (Export) में नए अवसरों का सृजन होगा। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मिली इस पहचान से भारतीय उत्पादों की साख बढ़ेगी, जिसका सीधा लाभ किसानों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मिलेगा। यह सफलता केवल मेडल तक सीमित नहीं है, बल्कि यह भारत को ‘विश्व की डेयरी’ बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।

YuvaSahakar Desk

Recent Post