Trending News

 चंद्रमा से मिट्टी लेकर धरती पर लौटेगा भारत, इसरो ने चंद्रयान-4 के लिए तलाशी लैंडिंग साइट, चंद्रमा के साउथ पोल पर मॉन्स माउटन पहाड़ पर उतरेगा चंद्रयान-4, 2027 तक लॉन्च किए जाने की योजना         परीक्षा पे चर्चा: PM मोदी बोले- AI से डरने की नहीं बल्कि समझने की जरूरत, छात्रों के लिए इंस्पिरेशन के साथ अनुशासन भी आवश्यक, 2047 में भारत विकसित देश होगा         दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की मौजूदगी में भारत टैक्सी और डीटीटीडीसी के बीच एमओयू पर हस्ताक्षर       

भुवनेश्वर में 24वें राष्ट्रीय स्तरीय हथकरघा एक्सपो का शुभारंभ

इस एक्सपो में देशभर की हथकरघा सहकारी संस्थाओं के कुल 80 स्टॉल लगाए गए हैं, इनमें ओडिशा की प्रसिद्ध इकट (बंधा) साड़ियां और भारत के विभिन्न क्षेत्रों की विशिष्ट हथकरघा बुनाइयों को प्रदर्शित किया गया है

Published: 17:27pm, 09 Feb 2026

भुवनेश्वर के यूनिट-III आईडीसीओ प्रदर्शनी मैदान में 24वें राष्ट्रीय स्तरीय हथकरघा एक्सपो का उद्घाटन हुआ। यह आयोजन भारत की हथकरघा सहकारी संस्थाओं की ताकत और देश की समृद्ध वस्त्र विरासत को प्रदर्शित कर रहा है।

एक्सपो का आयोजन ओडिशा राज्य हथकरघा बुनकर सहकारी समिति लिमिटेड (बोयानिका) द्वारा किया गया है, जिसे ओडिशा सरकार के हथकरघा, वस्त्र एवं हस्तशिल्प विभाग का सहयोग प्राप्त है। यह प्रदर्शनी ओडिशा सहित अन्य राज्यों के सहकारी बुनकरों और कारीगर समूहों के लिए एक प्रमुख विपणन मंच प्रदान कर रही है।

इस एक्सपो में देशभर की हथकरघा सहकारी संस्थाओं के कुल 80 स्टॉल लगाए गए हैं। इनमें ओडिशा की प्रसिद्ध इकट (बंधा) साड़ियां और भारत के विभिन्न क्षेत्रों की विशिष्ट हथकरघा बुनाइयों को प्रदर्शित किया गया है। प्रदर्शनी का विशेष आकर्षण धौली शांति स्तूप की थीम पर आधारित पवेलियन है, जिसे वीवर्स सर्विस सेंटर, भुवनेश्वर द्वारा डिजाइन किया गया है।

यह एक्सपो 22 फरवरी 2026 तक प्रतिदिन सुबह 11 बजे से रात 9:30 बजे तक आम जनता के लिए खुला रहेगा। आयोजकों को इससे लगभग 10 करोड़ रुपये के व्यापार की उम्मीद है, जो सहकारी बुनकरों की आजीविका को सशक्त बनाने और सतत हथकरघा उद्यमों को बढ़ावा देने में इस एक्सपो की अहम भूमिका को दर्शाता है।

Diksha