Trending News

एशियन गेम्स: भारत को एक और गोल्ड, कंपाउंड मिक्स्ड टीम के निशानेबाजों ने साउथ कोरिया को हराया एशियन गेम्स: महिला तीरंदाज टीम ने चीन को हराकर गोल्ड मेडल जीता भारतीय चेस ग्रैंडमास्टर दिव्या देशमुख को FIDE एक्सीलेंस अवॉर्ड्स बेस्ट फीमेल चेस प्लेयर मिला 10वीं-12वीं पास के लिए असम राइफल्स में भर्ती, 354 पदों पर आवेदन शुरू झारखंड पारा टीचर के 7299 पदों पर आवेदन शुरू एशियन गेम्स: भारत को एक और गोल्ड, कंपाउंड मिक्स्ड टीम के निशानेबाजों ने साउथ कोरिया को हराया एशियन गेम्स: महिला तीरंदाज टीम ने चीन को हराकर गोल्ड मेडल जीता भारतीय चेस ग्रैंडमास्टर दिव्या देशमुख को FIDE एक्सीलेंस अवॉर्ड्स बेस्ट फीमेल चेस प्लेयर मिला 10वीं-12वीं पास के लिए असम राइफल्स में भर्ती, 354 पदों पर आवेदन शुरू झारखंड पारा टीचर के 7299 पदों पर आवेदन शुरू

भारत बीज ब्रांड का बढ़ा दायरा, BBSSL से जुड़े 38 हजार से अधिक सहकारी संस्थान

सहकारी बीज बाजार में BBSSL का नेटवर्क भी तेजी से बढ़ रहा है। जुलाई 2026 तक 38,665 सहकारी समितियां इसकी सदस्य बन चुकी थीं, जिनमें 37,972 प्राथमिक कृषि ऋण समितियां यानी PACS शामिल हैं

Published: 12:27pm, 30 Sep 2026

भारतीय बीज सहकारी समिति लिमिटेड (BBSSL) की चौथी वार्षिक आम बैठक 29 सितंबर को नई दिल्ली में आयोजित हुई। बैठक में करीब 250 सहकारी प्रतिनिधियों ने प्रत्यक्ष रूप से भाग लिया, जबकि 11,827 प्रतिनिधि वर्चुअल माध्यम से जुड़े। AGM में चालू वित्त वर्ष के प्रदर्शन की समीक्षा के साथ विस्तार योजनाओं और भविष्य की रणनीति पर चर्चा हुई।

BBSSL ने गठन के बाद तेजी से वित्तीय वृद्धि दर्ज की है। वित्त वर्ष 2025-26 में संस्था का राजस्व करीब 222 करोड़ रुपये रहा, जबकि 2024-25 में यह लगभग 59.25 करोड़ रुपये था। सरकार के अनुसार, वित्त वर्ष 2024-25 में संस्था ने करीब 28 लाख रुपये का लाभ दर्ज किया था।

सहकारी बीज बाजार में BBSSL का नेटवर्क भी तेजी से बढ़ रहा है। जुलाई 2026 तक 38,665 सहकारी समितियां इसकी सदस्य बन चुकी थीं, जिनमें 37,972 प्राथमिक कृषि ऋण समितियां यानी PACS शामिल हैं। भारत बीज ब्रांड के प्रचार के लिए 33 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों ने नोडल एजेंसियां नामित की हैं, जबकि 26 ने समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए हैं।

जनवरी 2023 में मल्टी-स्टेट कोऑपरेटिव सोसाइटीज एक्ट, 2002 के तहत स्थापित BBSSL को IFFCO, KRIBHCO, NAFED, NDDB और NCDC ने प्रमोट किया था। प्रत्येक प्रमोटर ने शुरुआती तौर पर 50 करोड़ रुपये का योगदान दिया। संस्था की अधिकृत पूंजी 500 करोड़ रुपये और चुकता पूंजी 250 करोड़ रुपये रही है। KRIBHCO इसका मुख्य प्रमोटर है।

BBSSL ने भारत बीज ब्रांड के तहत 28 फसलों की 208 किस्मों के बीज बाजार में उतारे हैं। वर्ष 2025-26 में इससे जुड़े बीज उत्पादक किसानों के माध्यम से 75,535 मीट्रिक टन बीज का उत्पादन किया गया। संस्था पारंपरिक स्वदेशी बीज किस्मों के संरक्षण, संवर्धन और दस्तावेजीकरण पर भी काम कर रही है।

AGM में ‘सहकार से समृद्धि’ के तहत बीज उत्पादन, प्रसंस्करण, प्रमाणन, ब्रांडिंग और वितरण को PACS तथा अन्य सहकारी संस्थाओं के जरिए किसानों के करीब लाने पर जोर दिया गया। तेजी से बढ़ती सदस्यता और कारोबार के साथ BBSSL अब देशव्यापी सहकारी बीज नेटवर्क विकसित करने पर फोकस कर रही है।

Jitendra