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झारखंड हाईकोर्ट ने JSSC-CGL नियुक्तियां रद्द करने पर लगाई रोक

झारखंड हाईकोर्ट ने JSSC-CGL परीक्षा के विज्ञापन संख्या 10/2023 के तहत हुई नियुक्तियों को रद्द करने के राज्य सरकार के आदेश के अमल पर रोक लगा दी है

JSSC-CGL Row: High Court Allows Affected Employees to Continue in Service


Published: 13:59pm, 11 Sep 2026

झारखंड हाईकोर्ट ने JSSC-CGL परीक्षा के विज्ञापन संख्या 10/2023 के तहत हुई नियुक्तियों को रद्द करने के राज्य सरकार के आदेश के अमल पर रोक लगा दी है। जस्टिस दीपक रोशन की अदालत ने नियुक्तियां रद्द करने के फैसले को चुनौती देने वाली तीन अलग-अलग याचिकाओं पर सुनवाई के बाद यह आदेश दिया।

अदालत ने 18 अगस्त 2026 को जारी अधिसूचना संख्या 06/लो.से.आ.-01-07/5408 के संचालन और क्रियान्वयन पर अगले आदेश तक रोक लगा दी। सरकार को निर्देश दिया गया है कि इस अधिसूचना से प्रभावित नियुक्त कर्मचारियों को फिलहाल काम जारी रखने दिया जाए। यह राहत याचिकाकर्ताओं के अलावा समान स्थिति वाले अन्य प्रभावित कर्मचारियों पर भी लागू होगी।

हालांकि अदालत ने सभी याचिकाकर्ताओं को अंडरटेकिंग दाखिल करने को कहा है कि आपराधिक मामले में ट्रायल कोर्ट का अंतिम फैसला उन पर बाध्यकारी होगा। इसके आधार पर राज्य सरकार कानून के अनुसार आगे की कार्रवाई कर सकेगी। मामले की अगली सुनवाई 15 सितंबर 2026 को होगी।

याचिकाकर्ताओं की ओर से अदालत में कहा गया कि उनकी नियुक्तियां निर्धारित प्रक्रिया के तहत हुई थीं लेकिन भर्ती प्रक्रिया रद्द कर उनकी सेवाएं बिना नोटिस और सुनवाई का अवसर दिए समाप्त कर दी गईं।

हाईकोर्ट ने प्रथम दृष्टया माना कि नियमित नियुक्ति को प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों का पालन किए बिना समाप्त नहीं किया जा सकता। अदालत ने यह भी कहा कि फिलहाल अधिसूचना में इतनी कठोर कार्रवाई के लिए पर्याप्त आधार दिखाई नहीं देता।

राज्य सरकार की ओर से बताया गया कि भर्ती प्रक्रिया में बड़े पैमाने पर अनियमितताओं की शिकायतों के बाद CID जांच कर रही है और कुछ गिरफ्तारियां भी हुई हैं। इसी आधार पर सरकार ने संबंधित नियुक्तियों को रद्द करने का निर्णय लिया था।

CID जांच के बाद सरकार ने 22 परीक्षाएं रद्द करने, छह की प्रक्रिया स्थगित करने और 17 परीक्षाओं को जांच के दायरे में रखने की घोषणा की थी।

Jitendra