Trending News

 किश्तवाड़ से भारतीय सेना ने किया आतंक के नेटवर्क का खात्मा, मार गिराए 7 आतंकी, जैश का कमांडर सैफुल्लाह भी मारा गया, 326 दिन चला ऑपरेशन         भारत टैक्सी के ड्राइवरों से मिले गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह, कहा- आपको ड्राइवर नहीं, मालिक बनना है, मात्र 500 रुपए में भारत टैक्सी से जुड़ सकते हैं, 3 साल बाद मुनाफे में भी मिलेगा हिस्सा         यूपी में 'स्मार्ट' होंगी कृषि सहकारी समितियां, UP सरकार 1500 M-PACS को कर रही हाईटेक, किसानों को गांव में ही मिलेंगी 24x7 बैंकिंग और वित्तीय सेवाएं          NAFED की समीक्षा बैठक में शामिल हुए कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान, MSP पर तुरंत और पारदर्शी खरीद के निर्देश, किसानों को बिचौलियों से बचाकर सीधे सरकारी खरीद सिस्टम से जोड़ना सरकार की प्राथमिकता         जनवरी में बेरोजगारी दर बढ़कर 5 प्रतिशत पहुंची, दिसंबर 2025 में 4.8% थी बेरोजगारी दर, ग्रामीण बेरोजगारी दर 3.9% से बढ़कर 4.2% और शहरी क्षेत्रों 6.7% से बढ़कर 7% हुई, राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय ने जारी किए आंकड़े       

साल का आखिरी दिन: ठंड में लिपटा नये साल का उत्साह

हर किसी के मन में नए साल को लेकर उत्साह बना हुआ है—कोई नए साल की प्लानिंग कर रहा है तो कोई यह सोच रहा है कि परिवार को कहाँ ले जाया जाए

Published: 11:33am, 31 Dec 2025

आज साल 2025 का आख़िरी दिन है। मौसम के मिज़ाज की बात करें तो ठंड अपने चरम पर है। लोगों के भीतर नए साल का उत्साह साफ नजर आ रहा है। नौकरी-पेशा लोग भी चिल माहौल में काम करते दिख रहे हैं। हर किसी के मन में नए साल को लेकर उत्साह बना हुआ है—कोई नए साल की प्लानिंग कर रहा है तो कोई यह सोच रहा है कि परिवार को कहाँ ले जाया जाए।

आज सुबह की ठंड ने तो हाथों से लेकर नाक तक को सुन्न कर दिया। जब सड़क पर निकले तो रोजाना जैसी भीड़भाड़ नहीं थी। लगता है लोग पुराने साल को अलविदा कहने के लिए दिल्ली से बाहर जा चुके हैं। मेट्रो की भीड़भाड़ भी आज कुछ कम ही थी। ठंडे माहौल से मेट्रो में प्रवेश करते ही जो गर्माहट का एहसास होता है, ऐसा लगता है मानो कोई गर्मजोशी से आपका स्वागत कर रहा हो।

ऑफिस पहुँचे तो वहाँ भी नए साल के उपलक्ष्य में कई लोग छुट्टी मनाने निकल चुके थे। जो लोग मौजूद थे, वे एक-दूसरे से उत्साह के साथ पूछ रहे थे कि आज का क्या प्लान है। अख़बार भी पुराने साल को विदा करने और नए साल के स्वागत की ही बातें कर रहा था। एक न्यूज जर्नलिस्ट होने के नाते जब हमने खबरें खोजीं, तो हर जगह नए साल के आगमन की ही चर्चा थी। आज का एक ही स्लोगन था—नया साल आए, पुराना साल जाए।

और चूँकि हम नौकरी-पेशा लोग हैं, तो मन यही कह रहा था—नया साल आए और साथ में इंक्रीमेंट भी हो जाए। ट्वीटर पर खोज की तो अभी तक किसी नेता या अभिनेता ने पुराने साल को अलविदा और नए साल के आगमन में कोई पोस्ट नहीं की थी। युवा सहकार की ओर से आप सभी व्यूवर्स को नए साल की शुभकामनाएँ। नए साल पर आप सभी और बड़ी तादाद में हमारें साथ जुड़े यही कामना करते हैँ।

Diksha