प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने “कृषि और ग्रामीण परिवर्तन” विषय पर आयोजित पोस्ट-बजट वेबिनार को संबोधित करते हुए कृषि क्षेत्र में तकनीक के विस्तार और ग्रामीण विकास को मजबूत करने पर सरकार के फोकस को रेखांकित किया।
अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने कहा कि सरकार कृषि में उन्नत तकनीकों के उपयोग को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है, ताकि उत्पादकता बढ़े और किसानों को सशक्त बनाया जा सके। उन्होंने कहा कि कृषि तंत्र को आधुनिक बनाने और किसानों तक वैज्ञानिक शोध तथा नवाचार के लाभ पहुंचाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।
प्रधानमंत्री ने भारत विस्तार एआई प्लेटफॉर्म जैसे एआई आधारित डिजिटल प्लेटफॉर्म की बढ़ती भूमिका का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि ऐसे प्लेटफॉर्म शोध संस्थानों और किसानों के बीच की दूरी को कम कर रहे हैं तथा नवीनतम कृषि ज्ञान, शोध निष्कर्ष और व्यावहारिक समाधान सीधे किसानों तक पहुंचाने में मदद कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि इन पहलों से किसानों को फसल प्रबंधन, आधुनिक तकनीक और बेहतर कृषि पद्धतियों से जुड़ी समय पर जानकारी मिल रही है, जिससे खेत स्तर पर निर्णय लेने की प्रक्रिया बेहतर हो रही है। वैज्ञानिकों, संस्थानों और किसानों को जोड़कर ये डिजिटल प्लेटफॉर्म कृषि तंत्र में ज्ञान साझा करने को मजबूत बना रहे हैं।
प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि सहकारी क्षेत्र आधुनिक तकनीकों को किसानों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। उनके अनुसार सहकारी संस्थाएं नई कृषि पद्धतियों के प्रसार और किसानों को तकनीकी लाभ दिलाने का प्रभावी माध्यम बन सकती हैं।
यह वेबिनार सरकार के पोस्ट-बजट संवाद कार्यक्रम का हिस्सा था, जिसका उद्देश्य कृषि और ग्रामीण विकास से जुड़े विभिन्न हितधारकों के बीच नीति प्राथमिकताओं पर चर्चा और सहयोग को बढ़ावा देना है।


