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मदरसों में दोहरी पाली व्यवस्था लागू, दिन में बोर्ड पाठ्यक्रम शाम को धार्मिक शिक्षा

प्रदेश में इस समय 452 मदरसों में 50 हजार से अधिक छात्र-छात्राएं पढ़ रहे हैं

Published: 11:45am, 01 Jul 2026

उत्तराखंड में एक जुलाई से मदरसों की शिक्षा व्यवस्था में बड़ा बदलाव होने जा रहा है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि अब मदरसों में दोहरी पाली की व्यवस्था लागू होगी। दिन में राज्य शिक्षा बोर्ड के अनुसार आधुनिक विषय पढ़ाए जाएंगे, जबकि शाम को धार्मिक शिक्षा दी जाएगी। हिंदी, अंग्रेजी, गणित, विज्ञान और कंप्यूटर जैसे विषय अनिवार्य होंगे। इससे मदरसा छात्रों को राज्य बोर्ड का मान्य प्रमाणपत्र मिल सकेगा।

धार्मिक शिक्षा का नया पाठ्यक्रम अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण के अध्यक्ष डॉ. सुरजीत सिंह गांधी की देखरेख में तैयार किया गया है। इसमें धार्मिक विषयों के साथ संविधान, मानवाधिकार, राष्ट्रीय एकता, सामाजिक न्याय और नैतिक मूल्यों को भी शामिल किया गया है। प्रारंभिक कक्षाओं में अरबी हुरूफ, कलिमा, वुजू और नमाज की बुनियादी जानकारी दी जाएगी, जबकि उच्च कक्षाओं में कुरआन का तर्जुमा, हदीस, फिक्ह और सीरत के साथ आधुनिक सामाजिक विषय पढ़ाए जाएंगे।

प्रदेश में इस समय 452 मदरसों में 50 हजार से अधिक छात्र-छात्राएं पढ़ रहे हैं। इनमें से करीब 150 मदरसे ही स्कूलों की तर्ज पर संचालित हैं। बाकी मदरसों को नए प्राधिकरण के 20 मानकों को पूरा करना होगा। मानक पूरे नहीं करने वाले मदरसों पर बंदी की तलवार लटक सकती है। वहीं, जमीयत उलमा-ए-हिंद और मदरसा एसोसिएशन ने धार्मिक शिक्षा में हस्तक्षेप का विरोध किया है।

YuvaSahakar Desk