Trending News

मौसम: दिल्ली-NCR, UP, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ में झमाझम बारिश और आंधी का अलर्ट, पहाड़ों पर बर्फबारी और ओले गिरने की सख्त चेतावनी पश्चिम बंगाल में थम गया दूसरे व अंतिम चरण का चुनाव प्रचार, 29 अप्रैल को 142 विधानसभा सीटों पर डाले जाएंगे वोट भारत-न्यूजीलैंड FTA पर हस्ताक्षर, 100% भारतीय निर्यात टैक्स-फ्री, अगले 15 वर्षों में भारत में 20 अरब डॉलर का निवेश करेगा न्यूजीलैंड मौसम: दिल्ली-NCR, UP, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ में झमाझम बारिश और आंधी का अलर्ट, पहाड़ों पर बर्फबारी और ओले गिरने की सख्त चेतावनी पश्चिम बंगाल में थम गया दूसरे व अंतिम चरण का चुनाव प्रचार, 29 अप्रैल को 142 विधानसभा सीटों पर डाले जाएंगे वोट भारत-न्यूजीलैंड FTA पर हस्ताक्षर, 100% भारतीय निर्यात टैक्स-फ्री, अगले 15 वर्षों में भारत में 20 अरब डॉलर का निवेश करेगा न्यूजीलैंड

ग्राहकों की समस्याओं का समाधान नहीं करने वाली 10 बड़ी कंपनियों को कार्रवाई की चेतावनी, ये है मामला

नेशनल उपभोक्ता हेल्पलाइन पर 10 प्रमुख कंपनियों के खिलाफ दर्ज शिकायतों के बाद केंद्रीय उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय ने इन कंपनियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है। शिकायतों के अनुसार, ये कंपनियां ग्राहकों की समस्याओं को गंभीरता से नहीं ले रही हैं और उन्हें उचित समाधान प्रदान करने में विफल रही हैं।

Published: 16:29pm, 24 Dec 2024

नेशनल उपभोक्ता हेल्पलाइन पर 10 प्रमुख कंपनियों के खिलाफ दर्ज शिकायतों के बाद केंद्रीय उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय ने इन कंपनियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है। शिकायतों के अनुसार, ये कंपनियां ग्राहकों की समस्याओं को गंभीरता से नहीं ले रही हैं और उन्हें उचित समाधान प्रदान करने में विफल रही हैं।

शिकायतों की सूची में 10 नामी कंपनियों को शामिल किया गया है। इनमें मशहूर पिज्जा ब्रांड डोमिनोज, थॉमसन इंडिया, राइडिंग सेवा प्रदाता रैपिडो, डिलीवरी कंपनी डेल्हीवेरी लिमिटेड और शिशु व मातृत्व उत्पादों पर केंद्रित बहुराष्ट्रीय कंपनी फर्स्टक्राई डॉट कॉम शामिल हैं। इसके अतिरिक्त अन्य कंपनियां जैसे ओरिएंट इलेक्ट्रिक, इलेक्ट्रॉनिक्सकॉम्प डॉट कॉम, सिंफनी लिमिटेड, हायर अप्लायंसेज, और एमएंडएम का भी नाम इस सूची में दर्ज है।

सरकार ने इन कंपनियों को चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि वे उपभोक्ताओं की शिकायतों का जल्द से जल्द समाधान करें। इसके अलावा, कंपनियों को नेशनल कंज्यूमर हेल्पलाइन पर कन्वर्जेस पार्टनर बनने का विकल्प दिया गया है। यदि कंपनियां ऐसा करने में असफल रहती हैं, तो उनके खिलाफ विस्तृत जांच और कड़ी कार्रवाई शुरू की जाएगी।
नेशनल कंज्यूमर हेल्पलाइन के कन्वर्जेस साझेदार बनने वाली कंपनियों को उपभोक्ताओं की शिकायतों की जानकारी तुरंत दी जाती है, ताकि वे एक महीने के भीतर उनका समाधान कर सकें। वर्तमान में, हेल्पलाइन के साथ 1009 कंपनियां साझेदार हैं।

सरकार का यह कदम उपभोक्ताओं के अधिकारों की रक्षा और कंपनियों को जिम्मेदार बनाने के प्रयासों को मजबूत करने के लिए उठाया गया है। उपभोक्ताओं को भी जागरूक रहकर अपनी समस्याओं की शिकायत हेल्पलाइन पर दर्ज करानी चाहिए, ताकि उनका समाधान समय पर हो सके।

YuvaSahakar Team