सहकारिता मंत्रालय के तहत संचालित भारत टैक्सी प्लेटफॉर्म से अब तक करीब 8 लाख सारथी और 41 लाख से अधिक ग्राहक जुड़ चुके हैं। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने राज्यसभा में एक लिखित उत्तर में बताया कि भारत टैक्सी प्लेटफॉर्म पर 7.76 लाख सारथियों का पंजीकरण और उनके दस्तावेजों का सत्यापन पूरा हो चुका है, जबकि 40.84 लाख ग्राहकों ने भी प्लेटफॉर्म पर पंजीकरण कराया है।
भारत टैक्सी का संचालन सहकार टैक्सी कोऑपरेटिव लिमिटेड (STCL) द्वारा किया जा रहा है, जिसकी स्थापना 6 जून, 2025 को राष्ट्रीय स्तर की आठ सहकारी संस्थाओं ने की थी। इस सहकारी संस्था को 5 फरवरी, 2026 को सहकारिता मंत्रालय के तत्वावधान में औपचारिक रूप से लॉन्च किया गया।
अमित शाह ने बताया कि भारत टैक्सी पारंपरिक “ड्राइवर-पार्टनर” मॉडल के बजाय “सारथी-मालिक” मॉडल पर आधारित है। इसमें चालक केवल सेवा प्रदाता नहीं बल्कि सहकारी समिति के सदस्य और मालिक भी होते हैं। उन्हें प्रबंधन में प्रतिनिधित्व मिलता है और सहकारी समिति के अधिशेष में भी हिस्सा दिया जाता है।
उन्होंने कहा कि भारत टैक्सी शून्य-कमीशन मॉडल पर संचालित होती है, जिससे चालक अपनी पूरी कमाई अपने पास रख सकते हैं। प्लेटफॉर्म पर पारदर्शी किराया व्यवस्था, रीयल-टाइम वाहन ट्रैकिंग, बहुभाषी मोबाइल इंटरफेस और 24×7 ग्राहक सहायता जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं।
सरकार के अनुसार भारत टैक्सी सेवाओं का विस्तार चरणबद्ध तरीके से किया जा रहा है। फिलहाल इसकी सेवाएं दिल्ली-एनसीआर और गुजरात के विभिन्न शहरों में संचालित हो रही हैं। अन्य राज्यों और शहरों में विस्तार प्रचालन तैयारियों, चालक उपलब्धता, कानूनी आवश्यकताओं और राज्य सरकारों व अन्य हितधारकों के सहयोग के आधार पर किया जाएगा।
अमित शाह ने यह भी स्पष्ट किया कि भारत टैक्सी और यात्री साथी दो अलग-अलग मोबिलिटी प्लेटफॉर्म हैं। भारत टैक्सी एक बहुराज्य सहकारी समिति द्वारा संचालित राष्ट्रीय सहकारी प्लेटफॉर्म है, जबकि यात्री साथी पश्चिम बंगाल सरकार के सूचना प्रौद्योगिकी एवं इलेक्ट्रॉनिकी विभाग द्वारा विकसित और संचालित राज्य स्तरीय टैक्सी एग्रीगेशन सेवा है।


