भारत के सहकारिता आंदोलन को नई गति प्रदान करते हुए, उन्नति एग्री एलाइड एंड मार्केटिंग मल्टी-स्टेट कोऑपरेटिव सोसायटी लिमिटेड (UAMMCL), तलवाड़ा, पंजाब ने शनिवार को चार प्रमुख राष्ट्रीय सहकारी महासंघों के साथ समझौता ज्ञापनों (MoUs) पर हस्ताक्षर किए। यह ऐतिहासिक आयोजन वर्ल्ड ट्रेड सेंटर, नई दिल्ली स्थित नेशनल कोऑपरेटिव एक्सपोर्ट लिमिटेड (NCEL) के मुख्यालय में संपन्न हुआ।
इन चार एमओयू पर NCEL, NCOL (नेशनल कोऑपरेटिव ऑर्गेनिक्स लिमिटेड), BBSSL (भारतीय बीज सहकारी समिति लिमिटेड) और NAFFAC (नेशनल फिल्म एंड फाइन आर्ट्स कोऑपरेटिव सोसायटी लिमिटेड) के साथ हस्ताक्षर किए गए। उन्नति कोऑपरेटिव की ओर से चेयरमैन विक्रांत डोगरा और मैनेजिंग डायरेक्टर ज्योति सरूप ने भागीदारी की।
समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में भारत सरकार के सहकारिता मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव और NCEL के चेयरमैन पी.के. बंसल (IAS) उपस्थित रहे। उनके साथ कई वरिष्ठ सहकारी नेता जेपी सिंह, सत्यपाल सिंह, विनय कुमार, डॉ. काला अय्यर, संजय वर्मा और गुरप्रीत सिंह भी मौजूद रहे।
मुख्य उद्देश्य और लाभ:
- NCEL के साथ एमओयू से उन्नति के फल, अनाज और प्रोसेस्ड उत्पादों का निर्यात बढ़ेगा।
- NCOL के साथ सहयोग से ‘भारत ब्रांड’ के अंतर्गत जैविक उत्पादों को वैश्विक पहचान मिलेगी।
- BBSSL के साथ समझौता बीज संरक्षण व वितरण को प्रोत्साहन देगा।
- NAFFAC के साथ साझेदारी के तहत “उन्नति–NAFFAC सहकार संवाद” नामक मीडिया पहल शुरू की जाएगी, जो सहकारी जागरूकता को बढ़ावा देगी।
इस अवसर पर बंसल ने कहा कि ये समझौते “सहकार से समृद्धि” के विजन को आगे बढ़ाते हुए ग्रामीण सशक्तिकरण, निर्यात वृद्धि और आत्मनिर्भर भारत की दिशा में ठोस कदम हैं। उन्होंने इसे सहकारिता क्षेत्र में “कार्यात्मक परिवर्तन” का प्रतीक बताया।
विक्रांत डोगरा ने इसे “सहकारी बदलाव का वाहक” बताया और कहा कि यह पहल केवल समझौते नहीं, बल्कि परिवर्तन की शुरुआत है। वहीं ज्योति सरूप ने इसे “स्थानीय से वैश्विक” यात्रा की दिशा में एक बड़ा कदम बताया।
यह सहयोग न केवल ग्रामीण उद्यमिता और रोजगार को बढ़ावा देगा, बल्कि ‘विकसित भारत @2047’ के विजन को भी नई ऊंचाई देगा।


