देश ने 12 जून 2025 को विमानन इतिहास की एक अत्यंत हृदयविदारक और भीषण दुर्घटना देखी। एयर इंडिया के विमान एआई-171 के दुर्घटनाग्रस्त होने से 241 लोगों की मौत हो गई है। एयर इंडिया ने इस दुर्घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि हादसे के समय विमान में कुल 230 यात्री और 12 चालक दल के सदस्य सवार थे।
इस ह्रदयविदारक हादसे में केवल 40 वर्षीय विश्वास कुमार रमेश ही जीवित बच पाए। वह भारतीय मूल के ब्रिटिश नागरिक हैं। रॉयटर्स के अनुसार, विश्वास आपातकालीन निकास के समीप बैठे थे और उन्होंने समय रहते विमान से छलांग लगा दी जिससे उनकी जान बच गई। फिलहाल उनका इलाज अहमदाबाद के सिविल अस्पताल में जारी है।
विमान हादसे के बाद पूरे देश में शोक की लहर दौड़ गई है। विमान अहमदाबाद से लंदन गैटविक के लिए उड़ान भर रहा था। विमान ने सरदार वल्लभभाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से भारतीय समयानुसार अपराह्न 1:38 बजे उड़ान भरी। उड़ान के कुछ ही मिनटों के भीतर तकनीकी गड़बड़ी के कारण पायलट विमान पर नियंत्रण खो बैठा और यह बी.जे. मेडिकल कॉलेज के पास एक घनी आबादी वाले रिहायशी इलाके में दुर्घटनाग्रस्त हो गया। दुर्घटना के बाद विमान में भीषण आग लग गई जिससे जनहानि और बढ़ गई।
एयर इंडिया ने यह भी बताया कि विमान में सवार 241 यात्रियों में 169 भारतीय नागरिक, 53 ब्रिटिश नागरिक, सात पुर्तगाली नागरिक और एक कनाडाई नागरिक शामिल थे। हादसे के बाद तुरंत राहत एवं बचाव कार्य प्रारंभ किया गया। केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री श्री राम मोहन नायडू तत्काल घटनास्थल पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। बाद में गृहमंत्री श्री अमित शाह भी अहमदाबाद पहुंचे। उन्होंने सिविल अस्पताल जाकर घायलों और मृतकों के परिजनों से मुलाकात की। अमित शाह ने अहमदाबाद में उच्च स्तरीय बैठक कर जांच के आदेश दिए।
13 जून शुक्रवार की सुबह प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी स्वयं घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने अधिकारियों से विस्तृत जानकारी प्राप्त की और अस्पताल में घायलों व मृतकों के परिजनों से मुलाकात की। इस हादसे में मेडिकल कॉलेज के कुछ छात्र भी हताहत हुए हैं। दैनिक भास्कर के अनुसार, अब तक 268 शवों का पोस्टमार्टम किया जा चुका है। हादसे में कितने मेडिकल छात्र हताहत हुए, इसका आधिकारिक आंकड़ा फिलहाल सामने नहीं आया है।
एयर इंडिया ने पीड़ितों के परिजनों के लिए दो हॉटलाइन नंबर जारी किए हैं: भारत के लिए 1800 5691 444 और अंतरराष्ट्रीय कॉल के लिए +91 8062779200। टाटा समूह, जो एयर इंडिया का मालिक है, ने प्रत्येक मृतक के परिवार को 1 करोड़ रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है। इसके साथ ही टाटा समूह छतिग्रस्त हुए होस्टल का भी पुनर्निर्माण कराएगा। प्रधानमंत्री कार्यालय और नागरिक उड्डयन मंत्रालय स्थिति की निगरानी कर रहे हैं। विशेषज्ञों की एक टीम ब्लैक बॉक्स और तकनीकी पहलुओं की जांच में जुट गई है। यह हादसा भारत के विमानन इतिहास की सबसे दर्दनाक घटनाओं में से एक मानी जा रही है।


