– ऑस्ट्रेलिया ने आखिरी वन डे हारने के बावजूद सीरीज 2-1 से जीती
– विराट वन डे अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन बनाने में दूसरे स्थान पर पहुंचे
– रोहित ने जड़ा 33 वां अंतर्राष्ट्रीय वन डे शतक
भारत के सदाबहार बल्लेबाज रोहित शर्मा ने अविजित शतक और विराट कोहली ने अविजित अर्धशतक जड़ा तथा 23 बरस के नौजवान तेज गेंदबाज हर्षित राणा (4/39) ने अपने वनडे अंतर्राष्ट्रीय करियर की सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजी कर शनिवार को ऑस्ट्रेलिया के चार विकेट चटकाकर अपने आलोचकों को करारा जवाब दिया। ‘रो-को’ की जोड़ी के बल्ले से धमाल की बदौलत शुभमन गिल की अगुआई वाली भारतीय क्रिकेट टीम ने सिडनी में मेजबान ऑस्ट्रेलिया से तीसरा व अंतिम वनडे अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट मैच नौ विकेट से जीतकर, सीरीज 1-2 से गंवाने के बावजूद सम्मान बचा लिया।
रोहित शर्मा ने अपने वनडे अंतर्राष्ट्रीय करियर का 33वां शतक जड़ा। रोहित शर्मा शनिवार को शतक जड़ने के साथ मैन ऑफ द मैच बने और तीन मैचों में कुल सबसे ज्यादा 202 रन बनाकर मैन ऑफ द सीरीज भी रहे।
विराट कोहली ने पारी के 28वें ओवर में ऑस्ट्रेलिया के बाएं हाथ के स्पिनर कूपर कॉनोली के तीसरे ओवर की तीसरी गेंद को लेग साइड पर फ्लिक कर एक रन दौड़कर 56 गेंदों में चार चौकों की मदद से अपना अर्धशतक पूरा किया। अपना 305वां मैच खेलते हुए विराट कोहली (अब कुल 14,255 रन) ने सिडनी में कॉनोली की गेंद को कट कर चौका जड़ कुमार संगकारा (404 मैच, 14,234 रन) को पीछे छोड़ दिया और वनडे अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाजों की सूची में दूसरे नंबर पर पहुंच गए।
अब विराट कोहली वनडे इंटरनेशनल क्रिकेट में दुनिया में सबसे ज्यादा रन बनाने में अपने आदर्श महान सचिन तेंदुलकर (463 मैच, 18,426 रन)के बाद दूसरे नंबर पर हैं। विराट कोहली के नाम वनडे इंटरनेशनल में सबसे ज्यादा 51 शतक हैं, जबकि सचिन तेंदुलकर (49 शतक) उनके बाद दूसरे स्थान पर हैं। रोहित शर्मा और विराट कोहली ने शनिवार को दो-दो बेहतरीन कैच भी लपके।
पूर्व टेस्ट कप्तान कृष्णामाचारी श्रीकांत जैसे आलोचकों को गलत साबित करते हुए भारत के तेज गेंदबाज हर्षित राणा (4/39) ने रफ्तार और धार दिखाते हुए टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी मेजबान ऑस्ट्रेलिया को मैट रेनशॉ (56 रन, 58 गेंद, दो चौके) के पहले वनडे अंतर्राष्ट्रीय अर्धशतक के बावजूद सिडनी में 46.4 ओवर में 236 रन पर समेट दिया। सिडनी क्रिकेट ग्राउंड की पिच पर तेज गेंदबाजों के साथ स्पिनरों को भी मदद मिली।
मैन ऑफ द मैच रोहित शर्मा (रो) और विराट कोहली (को) की जोड़ी ने दूसरे विकेट के लिए 170 गेंदों में 168 रन की अटूट साझेदारी कर भारत को 38.3 ओवर में मात्र एक विकेट खोकर 237 रन बनाकर शानदार अंदाज में मैच जीताया।
रोहित शर्मा व विराट कोहली की जोड़ी ने वनडे इंटरनेशनल में भारत के लिए 19वीं शतकीय साझेदारी निभाई।
विराट ने पारी के 38वें ओवर में ऑस्ट्रेलिया के तेज गेंदबाज नाथन एलिस के आठवें ओवर की तीसरी गेंद को डीप फाइन लेग पर ग्लाइड कर चौका जड़ भारत को यह दमदार जीत दिलाई।
रोहित शर्मा ने 126 गेंदों में तीन छक्कों और 13 चौकों की मदद से 121 रन, जबकि विराट कोहली ने 81 गेंदों में सात चौकों की मदद से 74 रन बनाकर अविजित रहे।
भारत ने अपनी पारी में इकलौता विकेट शुभमन गिल (24 रन, 26 गेंद, एक छक्का, दो चौके) के रूप में 11वें ओवर में खोया, जब वह ऑस्ट्रेलिया के तेज गेंदबाज जोश हेजलवुड की ऑफ स्टंप से बाहर की गेंद को ड्राइव करने की कोशिश में विकेटकीपर एलेक्स कैरी को कैच थमा बैठे।
गिल के रूप में भारत ने पहला विकेट 69 रन के स्कोर पर खोया, तब विराट कोहली क्रीज पर रोहित शर्मा का साथ देने उतरे।
सीरीज के शुरू के दोनों मैचों में खाता खोले बिना आउट होने वाले विराट कोहली ने हेजलवुड की गेंद को वाइड मिड ऑन पर फ्लिक कर अपना खाता खोला। लेग स्पिनर एडम जंपा की गेंद को बैकवर्ड पॉइंट पर कट कर उन्होंने अपना पहला चौका जड़ा।
रोहित शर्मा ने पारी के 33वें ओवर में ऑस्ट्रेलियाई लेग स्पिनर एडम जंपा के नौवें ओवर की आखिरी गेंद, जो ऑफ स्टंप के बाहर फ्लाइटेड थी, को लॉन्ग ऑफ पर ड्राइव कर एक रन दौड़कर 105 गेंदों में दो छक्कों और 11 चौकों की मदद से अपना 33वां वनडे शतक पूरा किया। तब भारत जीत से मात्र 37 रन दूर था और उसके नौ विकेट बाकी थे।
रोहित शर्मा ने पारी के 21वें ओवर में नाथन एलिस के चौथे ओवर की चौथी गेंद को फॉरवर्ड स्क्वायर पर खेलकर एक रन दौड़कर 63 गेंदों में एक छक्के और छह चौकों की मदद से अपना मौजूदा सीरीज का लगातार दूसरा अर्धशतक पूरा किया।
इससे पहले टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी ऑस्ट्रेलिया की शीर्ष छह बल्लेबाजों ने 20 रन के पार जरूर बनाए, लेकिन कोई भी बड़ा स्कोर नहीं कर सका। ऑस्ट्रेलिया ने 34वें ओवर में तीन विकेट पर 183 रन बनाए थे, लेकिन इसके बाद 18 रन जोड़कर चार विकेट खो दिए। ऑस्ट्रेलिया ने अपने आखिरी सात विकेट सिर्फ 53 रन जोड़कर गंवा दिए और उसकी पारी 20 गेंदें शेष रहते सिमट गई।
भारत ने कुल छह गेंदबाजों को आजमाया और सभी ने विकेट लिए। हर्षित राणा ने चार विकेट चटकाए, वहीं ऑफ स्पिनर वाशिंगटन सुंदर ने अपने दस ओवर में 44 रन देकर दो विकेट लिए।
उनकी गेंदों पर केवल एक चौका लगा। अक्षर पटेल ने छह ओवर में 18 रन देकर एक विकेट लिया।
भारत के कप्तान शुभमन गिल का यह निर्णय समझ से परे रहा कि उन्होंने तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज (5-1-24-1) के पांच और अक्षर पटेल (6-0-18-1) के चार ओवर बाकी रहते प्रसिद्ध कृष्णा और बाएं हाथ के कुलदीप यादव से गेंदबाजी कराई, जो काफी महंगे साबित हुए, हालांकि उन्होंने एक-एक विकेट लिया।
कुलदीप यादव ने मिचेल स्टार्क का विकेट जरूर लिया, लेकिन मैट रेनशॉ और मैथ्यू शॉर्ट (30 रन, 41 गेंद, दो चौके) ने उन्हें पहली ही गेंद से निशाना बनाया। कप्तान मिचेल मार्श (41 रन, 50 गेंद, एक छक्का, पांच चौके) और ट्रेविस हेड (29 रन, 25 गेंद, पांच चौके) की पहले विकेट की 61 रन की साझेदारी के बाद, मैट रेनशॉ (56 रन, 58 गेंद, दो चौके) और एलेक्स कैरी (24 रन, 37 गेंद, एक चौका) की चौथे विकेट की 59 रन की साझेदारी रही। इसके बाद ऑस्ट्रेलिया ने 40 रन के भीतर अपने पांच विकेट खो दिए।
भारत ने बाएं हाथ के तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह और तेज गेंदबाजी ऑलराउंडर नीतिश रेड्डी को एकादश से बाहर रखकर कुलदीप यादव और प्रसिद्ध कृष्णा को तीसरे और अंतिम वनडे अंतर्राष्ट्रीय मैच के लिए अपनी एकादश में शामिल किया था।
मिचेल मार्श और ट्रेविस हेड की सलामी जोड़ी ने तेजी से 9.2 ओवर में 61 रन जोड़े थे, तभी भारत के तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज ने हेड को लेग स्टंप पर कोण बनाती गेंद को ड्राइव करने पर मजबूर कर प्रसिद्ध कृष्णा के हाथों कैच करा ऑस्ट्रेलिया को पहला झटका दिया।
कप्तान मार्श ने बाएं हाथ के स्पिनर अक्षर पटेल की कोण बनाकर बाहर धीमे से स्पिन होती गेंद को खेलने से चूक गए और गेंद ने उनका ऑफ स्टंप उड़ा दिया और ऑस्ट्रेलिया ने दूसरा विकेट 88 रन पर खोया।
मैथ्यू शॉर्ट (30 रन, 41 गेंद, दो चौके) ने ऑफ स्पिनर वाशिंगटन सुंदर की ऑफ स्टंप पर फ्लाइटेड गेंद को घुटनों पर झुककर उड़ाने की कोशिश की, लेकिन फॉरवर्ड स्क्वायर पर विराट कोहली ने बेहतरीन कैच लपक लिया और ऑस्ट्रेलिया ने तीसरा विकेट 23वें ओवर में 124 पर खो दिया।
मैट रेनशॉ और एलेक्स कैरी ने संभलकर खेलते हुए स्कोर को 184 रन तक पहुंचाया, तभी कैरी ने पारी के 34वें ओवर में भारत के शनिवार के सबसे कामयाब तेज गेंदबाज हर्षित राणा की ऑफ स्टंप से बाहर की गेंद को उड़ाने की कोशिश की और उपकप्तान श्रेयस अय्यर ने डीप थर्ड मैन पर शानदार कैच लपक उन्हें पवेलियन लौटाया।
यहीं से ऑस्ट्रेलियाई पारी बिखर गई और फिर संभल नहीं सकी।
वाशिंगटन सुंदर (2/44) ने पारी के 37वें ओवर की पहली गेंद पर फ्लाइट से मैट रेनशॉ को छकाया और अगली गेंद पर जब रेनशॉ क्रीज से आगे निकलकर खेलने आए, गेंद उनके पैड पर पड़ी और अंपायर ने उन्हें एलबीडब्ल्यू आउट दे दिया। उन्होंने रिव्यू लिया लेकिन वह बेकार गया और ऑस्ट्रेलिया ने पांचवां विकेट 195 रन पर खो दिया।
पूर्व कप्तान रोहित शर्मा की सलाह पर अमल करते हुए हर्षित राणा ने ऑफ स्टंप से बाहर निकलती गेंद पर मिचेल ओवेन (1 रन, 4 गेंद) को शरीर से दूर खेलने पर मजबूर किया, पहली स्लिप में रोहित शर्मा ने शानदार कैच लपक लिया।
ऑस्ट्रेलिया ने छठा विकेट 38वें ओवर में 198 पर खोया। तीन रन और जुड़े थे कि कुलदीप यादव ने मिचेल स्टार्क (2 रन, 5 गेंद) को बोल्ड कर दिया।
प्रसिद्ध कृष्णा ने लेग स्टंप पर कोण बनाती गेंद पर नाथन एलिस (16 रन, 19 गेंद, तीन चौके) को ड्राइव करने पर मजबूर किया और रोहित शर्मा ने मिडविकेट पर कैच लपक लिया, जिससे 44वें ओवर में ऑस्ट्रेलिया का स्कोर आठ विकेट पर 223 हो गया।
कूपर कॉनोली (23 रन, 34 गेंद, दो चौके) पारी के 47वें ओवर में हर्षित राणा के नौवें ओवर की दूसरी गेंद को कवर पर उड़ाने की कोशिश में विराट कोहली के हाथों लपके गए और ऑस्ट्रेलिया ने नौवां विकेट 236 पर खो दिया। राणा की चौथी यॉर्कर पर जोश हेजलवुड (0 रन, 2 गेंद) बोल्ड हुए और ऑस्ट्रेलिया की पारी 20 गेंदें शेष रहते समाप्त हो गई।


