ओडिशा सरकार राज्य के प्रत्येक ब्लॉक में ‘मॉडल प्राथमिक कृषि ऋण समितियों’ (PACS) की स्थापना करेगी। यह घोषणा सहकारिता मंत्री प्रदीप बाल सामंत ने 72वें अखिल भारतीय सहकारी सप्ताह समारोह के दौरान की।
सामंत ने कहा कि ग्रामीण विकास, किसानों की आर्थिक मजबूती और आत्मनिर्भरता को बढ़ाने में सहकारी समितियों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि पैक्स न केवल किसानों को वित्तीय सहायता प्रदान करती हैं, बल्कि समुदायों को एकजुट कर सतत विकास को भी प्रोत्साहित करती हैं।
सहकारी संस्थाओं में बढ़ते भ्रष्टाचार पर चिंता व्यक्त करते हुए मंत्री ने कहा कि अनैतिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए राज्य में जल्द ही सभी पैक्स का डिजिटलीकरण किया जाएगा।
सहकारी समितियाँ पारस्परिक सहयोग और स्वैच्छिक भागीदारी पर आधारित संगठन हैं, जो लाभ से अधिक सामूहिक आर्थिक हितों को महत्व देती हैं। ये समितियाँ संसाधनों का एकीकरण कर वंचित वर्गों को सहायता प्रदान करती हैं और राज्य के सामाजिक एवं आर्थिक उत्थान में महत्वपूर्ण योगदान देती हैं।


