IFFCO के चेयरमैन दिलीप संघाणी ने कॉरडेट कलोल के छह माह के गहन सिलाई प्रशिक्षण कार्यक्रम के समापन अवसर पर आयोजित समारोह में भाग लिया। इस दौरान प्रशिक्षित महिलाओं को सिलाई मशीनें वितरित की गईं।
प्राचार्य आर. सी. डामोर ने अध्यक्ष का स्वागत करते हुए उन्हें प्रशिक्षण पहल के बारे में विस्तार से जानकारी दी। संघाणी ने प्रशिक्षण प्राप्त महिलाओं द्वारा निर्मित उत्पादों की प्रदर्शनी का अवलोकन भी किया और उनके कौशल, समर्पण व आत्मनिर्भरता की सराहना करते हुए इसे “महिला सशक्तिकरण का गौरवपूर्ण उदाहरण” बताया।
कार्यक्रम के अंतर्गत सभी प्रशिक्षित लाभार्थियों को सिलाई मशीनें प्रदान की गईं, ताकि वे स्वरोजगार और सतत आजीविका की दिशा में आगे बढ़ सकें। संघाणी ने महिलाओं को आर्थिक स्वतंत्रता की नई शुरुआत के लिए शुभकामनाएँ दीं।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में आजादी के 75 वर्षों में पहली बार सहकारिता मंत्रालय का गठन किया गया है, जिसे केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह सशक्त रूप से आगे बढ़ा रहे हैं। संघाणी ने प्रशिक्षुओं से आग्रह किया कि वे दैनिक आवश्यक वस्तुएँ सहकारी संस्थाओं से खरीदें, क्योंकि इससे मिलने वाला डिविडेंड आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को गति देगा।
संघाणी ने बताया कि इफको कॉरडेट आगे भी ऐसे कई प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू करने की योजना बना रहा है, और संगठन हर संभव सहायता प्रदान करेगा। उन्होंने महिलाओं को एनसीयूआई द्वारा उपलब्ध सुविधाओं- दिल्ली हाट में उत्पाद प्रदर्शन, आवास, भोजन और दो सदस्यों के लिए यात्रा व्यवस्था का लाभ लेने के लिए प्रोत्साहित किया।
कार्यक्रम का समापन इस विश्वास के साथ हुआ कि नई कौशल और उपकरणों से लैस ये महिलाएँ सहकारिता आधारित आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान देंगी।


