दोहा में आयोजित संयुक्त राष्ट्र विश्व सामाजिक शिखर सम्मेलन (UN World Social Summit) के दौरान “नई वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए अनुबंध” विषय पर आयोजित पैनल चर्चा में IFFCO के प्रबंध निदेशक के. जे. पटेल ने भारत की सहकारी दृष्टि को साझा किया।
पटेल ने कहा कि कृषि क्षेत्र एक अधिक न्यायसंगत और सहयोगात्मक विश्व के निर्माण में केंद्रीय भूमिका निभाता है। उन्होंने सामूहिक प्रयासों के माध्यम से समावेशी और सतत विकास की आवश्यकता पर जोर दिया।
भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए उन्होंने गर्व के साथ बताया कि वे देश की “सहकार से समृद्धि” सहयोग से समृद्धि की अवधारणा को विश्व पटल पर प्रस्तुत कर रहे हैं। यह विचार माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की प्रतिबद्धता और माननीय केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह के मार्गदर्शन से प्रेरित है।
पटेल ने कहा कि भारत सरकार के सहकारिता मंत्रालय के नेतृत्व में देश में सहकारी आंदोलन को निरंतर सशक्त किया जा रहा है। जिससे एकता, समावेशिता और साझा समृद्धि को बढ़ावा मिल रहा है।
उनके वक्तव्य ने यह स्पष्ट किया कि भारत अब सहकारिता आधारित आर्थिक परिवर्तन पर वैश्विक संवादों में एक प्रमुख भूमिका निभा रहा है।


