मुंबई में शुक्रवार को अंतरराष्ट्रीय सहकारिता वर्ष (IYC) 2025 के अवसर पर आयोजित राष्ट्रीय संगोष्ठी में केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया। इस अवसर पर उन्होंने राष्ट्रीय कृषि सहकारी विपणन महासंघ (NAFED) द्वारा विकसित पांच नए ‘रेडी टू ईट’ खाद्य उत्पादों का शुभारंभ किया। संगोष्ठी का उद्देश्य प्राथमिक कृषि ऋण समितियों (PACS) और किसान उत्पादक संगठनों (FPOs) को सशक्त बनाना तथा ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देना था। इस दौरान लाभार्थियों को सांकेतिक रूप से प्रमाण पत्र भी वितरित किए गए।
अमित शाह ने घोषणा की कि NAFED जल्द ही किसानों से उनकी उपज की सीधी खरीद शुरू करेगा, जिससे बिचौलियों को समाप्त कर किसानों को उनकी फसल का उचित मूल्य सुनिश्चित होगा। उन्होंने विश्वास जताया कि अगले दस वर्षों में निर्यात, जैविक खाद्य, और बीज क्षेत्र में प्रमुख सहकारी संस्थाएं उभरेंगी, जो किसानों के जीवन स्तर को ऊंचा उठाने में महत्वपूर्ण योगदान देंगी। इस अवसर पर NAFED के पांच उत्पादों के साथ-साथ पांच किसान उत्पादक कंपनियों को अनुदान और शेयर भी वितरित किए गए।
केंद्रीय मंत्री ने सहकारी क्षेत्र में नवाचार को बढ़ावा देने के लिए एक नई सहकारी बीमा कंपनी स्थापित करने की घोषणा की। यह कंपनी सहकारी संस्थानों के लिए अनुकूलित बीमा समाधान, बेहतर जोखिम कवरेज, और वित्तीय सुरक्षा प्रदान करेगी। इसके अतिरिक्त, केंद्र सरकार ने देश भर में 2 लाख PACS स्थापित करने का निर्णय लिया है, ताकि प्रत्येक पंचायत में उनकी उपस्थिति सुनिश्चित हो। ये PACS बहुआयामी होंगी और 22 विभिन्न गतिविधियों, जैसे पेट्रोल पंप संचालन, गैस वितरण, ‘हर घर नल से जल’ योजना का रखरखाव, तथा रेलवे और हवाई टिकट बुकिंग जैसे कार्य करेंगी।
NAFED द्वारा आयोजित इस सम्मेलन में शाह ने बताया कि 71,000 PACS में से लगभग 52,000 को कम्प्यूटरीकरण और संबंधित पहलों के माध्यम से सक्रिय कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि ये कदम सहकारी क्षेत्र को सशक्त बनाने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में मील का पत्थर साबित होंगे।


