राजकोट, गुजरात में हाल ही में आयोजित मेगा कोऑपरेटिव कॉन्फ्रेंस के दौरान KRIBHCO के नेताओं ने भारत की ग्रामीण अर्थव्यवस्था में परिवर्तन लाने और किसानों को सशक्त बनाने में सहकारी संस्थाओं की महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित किया।
KRIBHCO के चेयरमैन वी. सुधाकर चौधरी ने कहा कि KRIBHCO सहित अन्य सहकारी संस्थाएँ प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह के विजन के अनुरूप कार्य कर रही हैं, ताकि किसान बिना किसी बिचौलिए के अपनी उपज का उचित मूल्य प्राप्त कर सकें। उन्होंने कहा, “हमारा उद्देश्य किसानों की आय को मजबूत करना और उनके कठिन परिश्रम का वास्तविक मूल्य उन्हें देना है।”
KRIBHCO के वाइस चेयरमैन डॉ. चंद्रपाल सिंह यादव ने सम्मेलन जैसे आयोजनों को सहकारिता आंदोलन को नई ऊर्जा देने वाला बताया। उन्होंने कहा, “इस प्रकार के सम्मेलन सहकारी संस्थाओं की शक्ति बढ़ाते हैं और किसानों तथा सहकारकों में नई सरकारी योजनाओं के प्रति जागरूकता फैलाकर सहकार आंदोलन को गति देते हैं।”
सम्मेलन का मुख्य विषय था- “पैक्स को मल्टी-पर्पस हब बनाना: ग्रामीण आर्थिक लचीलापन हेतु सेवाओं का विविधीकरण” जो राष्ट्रीय संकल्प ‘सहकार से समृद्धि’ के अनुरूप है।
कार्यक्रम में गुजरात भर से प्रमुख सहकारी संगठनों के प्रतिनिधियों और हितधारकों ने हिस्सा लिया, जिन्होंने PACS की गतिविधियों का विस्तार करने और ग्रामीण विकास को तेज़ करने के लिए प्रतिबद्धता जताई।


