भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने विभिन्न नियामकीय निर्देशों का पालन न करने पर पाँच सहकारी बैंकों पर मौद्रिक जुर्माना लगाया है।
तमिलनाडु सर्कल पोस्टल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, तमिलनाडु और गुंटूर डिस्ट्रिक्ट को-ऑपरेटिव सेंट्रल बैंक लिमिटेड, आंध्र प्रदेश पर क्रमशः 50,000 रुपये का जुर्माना लगाया गया है। तमिलनाडु के बैंक पर यह कार्रवाई सुपरवाइजरी एक्शन फ्रेमवर्क (SAF) से जुड़े निर्देशों का पालन न करने पर की गई, जबकि गुंटूर बैंक पर KYC नियमों के उल्लंघन के लिए जुर्माना लगाया गया।
कर्नाटक के दक्षिण केनरा जिला केंद्रीय सहकारी बैंक लिमिटेड पर 1.50 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया। यह कार्रवाई आवास वित्त नियमों के उल्लंघन, व्यक्तिगत आवास ऋण सीमा में अनियमित वृद्धि, कमर्शियल रियल एस्टेट-रेजिडेंशियल हाउसिंग (CRE-RH) क्षेत्र में ऋण वितरण तथा बैंकिंग विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 19 और 56 के उल्लंघन के चलते हुई।
तेलंगाना के जगतियाल स्थित गायत्री को-ऑपरेटिव अर्बन बैंक लिमिटेड पर सबसे बड़ी कार्रवाई करते हुए 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया। यह बैंक म्यूचुअल फंड और बीमा उत्पादों के विपणन व वितरण से जुड़े निर्देशों का पालन करने में विफल रहा।
गुजरात के वडोदरा स्थित मकरपुरा इंडस्ट्रियल एस्टेट को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड पर 2 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है। बैंक पर आरोप है कि उसने KYC दिशा-निर्देशों और प्राथमिक (अर्बन) सहकारी बैंकों के लिए तय साइबर सुरक्षा ढांचे का अनुपालन नहीं किया।
आरबीआई ने स्पष्ट किया है कि ये दंडात्मक कार्रवाइयाँ केवल नियामकीय अनुपालन से जुड़ी कमियों पर आधारित हैं।


