गंगरेल बांध डुबान क्षेत्र की मछुआ सहकारी समितियों को पुनः मछली पालन का अधिकार मिलने पर प्रभावित समितियों के सदस्यों ने हाल ही में मुख्यमंत्री निवास पहुँचकर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का आभार जताया और उनका अभिनंदन किया। इस अवसर पर धमतरी, कांकेर और बालोद जिलों की 11 मछुआ सहकारी समितियों के सदस्यगण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री साय ने ग्रामीणों की मांग पर डुबान क्षेत्र में जनसुविधा हेतु शीघ्र एक एम्बुलेंस उपलब्ध कराने और राष्ट्रीय बैंक की शाखा खोलने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि गरीबों और वंचितों के उत्थान के लिए राज्य सरकार निरंतर प्रयासरत है। विभिन्न योजनाओं के माध्यम से स्वरोजगार के अवसर सृजित किए जा रहे हैं ताकि स्थानीय लोग सीधे लाभान्वित हो सकें।
उन्होंने बताया कि स्वच्छ भारत मिशन ने महिलाओं और बेटियों को सम्मान दिलाने में अहम भूमिका निभाई है, वहीं प्रधानमंत्री जनधन योजना के जरिए आम नागरिकों को बैंकिंग से जोड़कर योजनाओं का लाभ सीधे डीबीटी के माध्यम से पहुँच रहा है। इससे बिचौलियों की भूमिका समाप्त हुई है और भ्रष्टाचार पर अंकुश लगा है।
साय ने कहा कि महिला स्व-सहायता समूहों को पुनः रेडी-टू-ईट कार्य का जिम्मा सौंपा गया है, जिससे ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक सशक्तिकरण के अवसर प्राप्त हो रहे हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि हर वर्ग के उत्थान और सम्मान के लिए सरकार सतत कार्य करती रहेगी।
इस अवसर पर धमतरी महापौर रामू रोहरा, पूर्व महिला आयोग अध्यक्ष हर्षिता पांडेय समेत गंगरेल डुबान क्षेत्र की 11 समितियों उरपुरी, तेलगुड़ा, मोगरागहन, कोलियारी पुराना, कोलियारी नया, गंगरेल, फुटहामुड़ा, तुमाबुजुर्ग, अलोरी, भिलाई एवं देवीनवागांव के सदस्यगण और अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।


